*भगवान श्रीराम के नाम से विपक्ष को हो रही है आपत्ति*
*परिसदन में राज्यसभा सांसद ने की भव्य प्रेस वार्ता*
जगदूत न्यूज खगड़िया बिहार ब्यूरो चीफ प्रभु जी खगड़िया, 10 जनवरी भारतीय जनता पार्टी के राज्यसभा सांसद भीम सिंह चंद्रवंशी ने शनिवार को जिला अतिथि गृह के सभागार में जी राम जी कानून को लेकर एक भव्य एवं तथ्यपरक प्रेस वार्ता का आयोजन किया। प्रेस वार्ता की अध्यक्षता भाजपा जिला अध्यक्ष शत्रुघ्न भगत ने की। कार्यक्रम के दौरान जदयू जिला प्रवक्ता आचार्य राकेश पासवान शास्त्री ने राज्यसभा सांसद का स्वागत-अभिनंदन करते हुए उन्हें उपस्थित पत्रकारों से परिचित कराया। इससे पूर्व भाजपा जिला अध्यक्ष शत्रुघ्न भगत एवं जदयू के कार्यकारी जिला अध्यक्ष राजकुमार फोगला ने अंगवस्त्र, माला एवं बुके भेंट कर सांसद का भव्य स्वागत एवं सम्मान किया।
प्रेस को संबोधित करते हुए राज्यसभा सांसद भीम सिंह चंद्रवंशी ने कहा कि केंद्र की एनडीए सरकार एवं यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में लाया गया जी राम जी कानून गांव, गरीब, मजदूर और वंचित वर्गों के हित में मील का पत्थर सिद्ध होगा। उन्होंने कहा कि जब यह कानून सदन में प्रस्तुत किया गया था।
उस समय विपक्षी दलों के सदस्यों ने भी इसमें सहभागिता की थी, किंतु दुर्भाग्यवश आज कांग्रेस के नेतृत्व में विपक्षी दल इस पवित्र एवं जनकल्याणकारी कानून का विरोध कर रहे हैं। उन्होंने विपक्ष पर कटाक्ष करते हुए कहा कि उनके आरोपों में कोई दम नहीं है। सांसद ने स्पष्ट किया कि विपक्ष यह भ्रम फैला रहा है कि इस कानून से गरीबों का काम छीना जा रहा है, जबकि सच्चाई इसके बिल्कुल विपरीत है। उन्होंने कहा कि मनरेगा कानून में जहां 100 दिनों के रोजगार की गारंटी थी, वहीं जी राम जी कानून में 125 दिनों के रोजगार की गारंटी दी गई है।
उन्होंने सवालिया लहजे में कहा कि आप स्वयं बताइए, 100 अधिक होता है या सवा सौ? हमने रोजगार घटाया नहीं, बल्कि बढ़ाया है। उन्होंने आगे बताया कि मनरेगा के तहत मजदूरी भुगतान की समय-सीमा 15 दिन थी, जबकि जी राम जी कानून के अंतर्गत 7 दिनों के भीतर मजदूरी भुगतान की व्यवस्था सुनिश्चित की गई है, जिससे मजदूरों को समय पर पारिश्रमिक मिल सके।
मनरेगा में व्याप्त अनियमितताओं पर प्रकाश डालते हुए श्री चंद्रवंशी ने कहा कि देश के 55 जिलों में केवल 8 महीनों के सोशल ऑडिट में ही 11 लाख से अधिक अनियमितताएं तथा 300 करोड़ रुपये से अधिक की वित्तीय गड़बड़ियां सामने आईं। उन्होंने कहा कि 20 वर्षों से लागू इस कानून में इससे कहीं अधिक अनियमितताएं रही होंगी। उन्होंने बताया कि एनडीए सरकार ने इन खामियों को दूर करने के लिए मोबाइल ऐप, जीपीएस एवं आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) के माध्यम से निगरानी और विश्लेषण की व्यवस्था की है।
पत्रकारों के सवालों के जवाब में सांसद ने पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर भी तीखा प्रहार किया तथा बिहार के यशस्वी मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की कार्यशैली और विकासात्मक दृष्टिकोण की सराहना करते हुए उसे मीडिया के समक्ष प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया।
इस अवसर पर भाजपा जिला अध्यक्ष शत्रुघ्न भगत, जदयू कार्यकारी जिला अध्यक्ष राजकुमार फोगला, पूर्व विधायक चंद्रमुखी देवी, लोजपा (रामविलास) जिला अध्यक्ष मनीष कुमार उर्फ नाटा सिंह, रालोमो जिला अध्यक्ष कृष्ण कुमार सिंह, जदयू बेगूसराय विधानसभा प्रभारी उमेश सिंह पटेल, राजनीतिक सलाहकार समिति सदस्य दीपक कुमार सिन्हा, जिला उपाध्यक्ष शंभू झा, जिला प्रवक्ता आचार्य राकेश पासवान शास्त्री, जिला कोषाध्यक्ष संदीप केडिया, भाजपा जिला उपाध्यक्ष जितेंद्र यादव, प्रमोद साह, जिला महामंत्री डॉ. इंदुभूषण कुशवाहा, नवीन सिन्हा, भाजपा मुख्य प्रवक्ता मनीष कुमार राय, जदयू नेता अविनाश पासवान, भाजपा नेता अंकित सिंह चंदेल, अक्षय सूरी, जदयू के जितेंद्र पटेल, इम्तियाज आलम, मुकेश चंद्रवंशी सहित एनडीए के दर्जनों कार्यकर्ता एवं पदाधिकारी उपस्थित थे।


