जगदूत न्यूज नागौर से जे पी शर्मा कि रिपोर्ट नागौर लोकसभा क्षेत्र में कुल मिलाकर साढ़े पांच लाख मुस्लिम मतदाता है जिसमें कायम खानी समाज के लगभग-लगभग चार लाख मुस्लिम मतदाता है।अगर सटीक विश्लेषण किया जाए तो इसका असर डीडवाना परबतसर लाडनूं नांवा कुचामन में पड़ेगा क्योंकि इन क्षेत्रों में यह समाज अपना दबदबा कायम किए हुए हैं।
नागौर विधानसभा सीट पर गत सालों से लगातार कांग्रेस पार्टी जिन उम्मीदवारों के प्रति भरोसा जताया वही हार का कारण बने, हाजी हबीबुर रहमान हरेंद्र मिर्धा आदि।बात करें शमशेर खोखर की तो आरएलपी से टिकट लेकर चुनाव मैदान में आये थे ,परंतु पांच हजार वोट मिले। फरीद खान दायमा यह उम्मीदवार कि धरातल पर गहरी पैठ है।जिसके बदौलत कांग्रेस पार्टी के लिए जीत संभव है।फरीदखान राजनीति में पार्टी के लिए सदैव तत्पर रहते हैं,साथ ही समाजसेवा भी इनकी विख्यात है।
इसलिए कांग्रेस पार्टी को चाहिए कि ऐसे ही उम्मीदवार को निःसंकोच मैदान में उतार देना चाहिए।


