जगदूत न्यूज अनिल कुमार गुप्ता ब्यूरो प्रमुख जहानाबाद
National Programme on Climate Change & Human Health (NPCCHH) कार्यक्रम के बारे में बताया गया। इस कार्यक्रम के तहत जलवायु परिवर्तन से होने वाले मानव स्वास्थ्य पर दुष्प्रभाव तथा कार्यक्रम संचालन के बारे में बताया गया। क्लाइमेट चेंज से होने वाले बीमारी यथा – श्वसन संबंधित रोग, मेंटल हेल्थ, जोनोंटिक डिजीज, वेक्टर जनित रोग, वॉटर बोर्न डिजीज एवं अन्य एक्सट्रीम वेदर से होने वाले इंजुरी आदि रोगों के बारे में मरीजों का प्रबंधन, उपचार एवं बचाव पर विस्तृत रूप से जानकारी दी गयी। इस प्रशिक्षण में हीट स्ट्रोक, वायु प्रदूषण से होने वाले रोग यथा- अस्थमा, निमोनिया आदि के मरीजों का अस्पताल स्तर पर विशेष प्रबंध के बारे में बताया गया। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य आमजन मानस को जलवायु परिवर्तन से होने वाले प्रभावो के बारे में जागरूक करना साथ ही वैसे मरीजों को चिन्हित करते हुए समुचित इलाज करना एवं अस्पताल स्तर को सुदृढ़ करना है। इस कार्यक्रम के तहत अस्पताल स्तर पर हरित एवं जलवायु अनुकूल स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराना तथा जलवायु परिवर्तन के दुष्प्रभाव से होने वाले मृत्यु को कम करना है। इस संबंध में सिविल सर्जन जहानाबाद द्वारा सभी प्रशिक्षणार्थी को यह भी निर्देश दिया गया कि आशा/ANM की बैठक में जलवायु परिवर्तन से होने वाले मानव स्वास्थ्य पर दुष्प्रभाव के बारे में जानकारी दिया जाए। ताकि उनके द्वारा क्षेत्र में लोगों को उक्त बीमारी एवं दुष्प्रभाव का उपचार एवं बचाव के बारे में अवगत कराएंगे। सिविल सर्जन जहानाबाद के निर्देश अंतर्गत प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। प्रशिक्षक के रूप में डॉ० रणधीर कुमार, सदर अस्पताल जहानाबाद द्वारा दिया गया। उक्त कार्यक्रम का रूपरेखा, संचालन एवं रिपोर्टिंग के बारे में आलोक कुमार जिला एपिडेमियोलॉजिस्ट, जहानाबाद द्वारा बताया गया। साथ ही साथ जिला डाटा प्रबंधक , डी ई ओ आईडीएसपी एवं अन्य संबंधित कर्मी द्वारा प्रशिक्षण कार्यक्रम का संचालन मे सहयोग किया गया।


