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Thursday, April 30, 2026

स्वामी सहजानंद सरस्वती पुस्तकालय . सह . वाचनालय .जहानाबाद द्वारा .समारोह आयोजित कर प्रोफेसर डॉक्टर सुरेश ऋतु पर्ण , जी का अभिनंदन .

जगदूत न्यूज (अनिल कुमार गुप्ता )ब्यूरो प्रमुख जहानाबाद

स्वामी सहजानंद सरस्वती पुस्तकालय – सह-वाचनालय, जहानाबाद द्बारा समारोह आयोजित कर प्रो. डॉ. सुरेश ऋतुपर्ण जी का अभिनंदन किया गया। विदित हो कि डॉ सुरेश ऋतुपर्ण विश्व हिंदी न्यास के अंतरराष्ट्रीय समन्वयक एवं त्रैमासिक पत्रिका हिन्दी जगत के प्रबंध संपादक हैं। दिल्ली विश्वविद्यालय में हिंदी विभाग के पूर्व विभागाध्यक्ष एवं टोक्यो युनिवर्सिटी ऑफ फौरेन स्टडीज में प्रोफेसर,दर्जनों पुस्तकों के रचयिता, ट्रिनीडाड व टुवैगो स्थित भारतीय हाई कमीशन में राजनयिक रहे श्री ऋतुपर्ण जी का अभिनंदन कार्यक्रम पुस्तकालय कक्ष में प्रोफेसर डॉ. रामध्यान शर्मा की अध्यक्षता में सम्पन्न हुआ।
अभिनंदन समारोह में अपना उद्गार व्यक्त करते हुए डॉ सुरेश ऋतुपर्ण जी ने कहा कि इस पुस्तकालय और पुस्तकालय के कारण से जहानाबाद से एक रागात्मक संबंध स्थापित हुआ। इस पुस्तकालय को जहानाबाद जिले के निवासी अश्विनी कुमार के माध्यम से जाना और पांच सौ से अधिक स्तरीय किताबें देकर पुस्तकालय के उन्नयन में योगदान दिया। अपने इसी पुस्तकालय को देखने आज मैं यहां आया हूं।अपने सम्बोधन में उन्होंने कई महत्वपूर्ण बातें कही।अपना संस्मरण सुनाते हुए उन्होंने कहा कि विदेशों में जो भारतीय हैं, वे अपनी परम्परा के प्रति बहुत सजग हैं। आप जहां भी रहें, पर अपनी परम्परा को न भूलें। यह हमने उनसे सीखा, जो सैंकड़ों साल पहले गिरमिटिया के रूप में मौरिशस,फिजी आदि जगहों में गये और आज वहां के वे सबकुछ हैं।इस मौके पर उन्होंने कहा कि अपने भाषा के प्रति भी गौरव का भान होना चाहिए। आप अन्य भाषाओं के सीखें, पर आपकी भाषा आपकी पहचान है।लोगों के आग्रह पर उन्होंने अपनी कुछ कविताओं का पाठ किया। हिरोशिमा कविता पाठ के दौरान जापान का संस्मरण सुनाते हुए उन्होंने गंभीर बातें कही।हिरोशिमा और नागाशाकी को हमें हमेशा याद रखना चाहिए। यह याद ही हमें परमाणु युद्ध से बचा रहा है और बचाएगा। इसका स्मरण जितना भी पीड़ादायक हो,पर भविष्य में पीड़ा नहीं देगा। इस उद्देश्य से मैंने हिरोशिमा कविता लिखी। पुस्तकालय के बच्चों को खूब पढ़ने के लिए कहा।
डाॅ सुरेश ऋतुपर्ण जी को पुस्तकालय के संयोजक राजकिशोर शर्मा के द्वारा अंगवस्त्र, स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया गया। उनके द्वारा अभिनंदन पत्र पढ़ कर समर्पित किया गया।स्वागत भाषण प्रो. डॉ. उमाशंकर सिंह सुमन ने दिया। कार्यक्रम का संचालन डीएवी के शिक्षक चितरंजन ने किया। इस मौके पर रामकृष्ण परमहंस विद्यालय के निदेशक चन्द्रभूषण शर्मा, ब्रीलियेंट पब्लिक स्कूल के सचिव अजय कुमार, हरिलाल प्रसाद जी, सुधाकर राजेंद्र जी, अनिल कुमार, रामाशीष शर्मा, मुखिया आदित्य कुमार, सुनील कुमार, उमाकांत शर्मा, भारत एण्ड स्काउट गाइड के जिला आयुक्त हरिशंकर शर्मा समेत शताधिक लोग कार्यक्रम में मौजूद रहे।

Prabhu Jee
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ब्यूरो चीफ, खगड़िया (जगदूत न्यूज)
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