जगदूत न्यूज अनिल कुमार गुप्ता ब्यूरो प्रमुख जहानाबाद जिले का वो इलाका जहां कभी बंदूकें गरजती थी, वैसे जगहों पर बिहार के महामहिम राज्यपाल श्री राजेंद्र विश्वनाथ अर्लेकर का दौरा किया जाना और उन जगहों पर शिक्षा का अलख जगाना स्वागत योग्य है। उक्त बातें जाने माने शिक्षाविद् एवं बिहार प्रदेश कांग्रेस के पॉलिटिकल अफेयर कमिटी के सदस्य डॉक्टर चंद्रिका प्रसाद यादव ने कही। उन्होंने इस कार्य के लिए आरिस्टो फार्मा के एमडी श्री उमेश प्रसाद सिंह उर्फ भोला बाबू का आभार जताया। श्री यादव ने कहा कि भोला बाबू जिस प्रकार से जाति और धर्म से ऊपर उठकर जहानाबाद जिले के विकास में अपनी महती भूमिका निभा रहे हैं, वो निश्चित रूप से स्वागत योग्य है।। उन्होंने इस बाबत महामहिम का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह पहला मौका है जब बिहार के किसी गवर्नर ने ऐसे जगह का दौरा किया जो इलाका कभी घोर उग्रवाद से पीड़ित था। निश्चित रूप से उनका यह दौरा लोगों के लिए प्रेरणा का श्रोत बनेगा।उन्होंने कहा कि बिहार के महामहिम खास तौर पर शिक्षा को लेकर संजीदा हैं।। यहां तक की कुलाधिपति होने के नाते कई बार तो विश्वविद्यालय के सीनेट और सिंडीकेट की बैठक में भी भाग लेने पहुंच जाते हैं, ताकि विश्विद्यालय की टीम वहां की शिक्षा व्यवस्था को लेकर गंभीर रहे। यह जिले और इलाके सौभाग्य का विषय है कि बिहार के महामहिम वहां आकर जिले के शिक्षाविदों और इलाके के लोगों के बीच शिक्षा का अलख जगा रहे हैं। श्री यादव ने कहा कि महामहिम के दौरे से जिले के हम जैसे शिक्षाविदों में एक नई ऊर्जा का संचार हुआ है। और शिक्षा के क्षेत्र में कुछ और भी बेहतर कर गुजरने की प्रेरणा जागृत हुई है। उन्होंने इसके लिए श्री भोला बाबू को धन्यवाद भी दिया। इस बाबत उन्होंने कहा कि भोला बाबू के बड़े भाई स्व. महेंद्र प्रसाद जी जिनकी प्रतिमा का अनावरण करने महामहिम जहानाबाद पहुंचे थे। जिले के विकास में उनकी भी बहुत बड़ी भूमिका रही है। उन्हीं के पदचिन्हों पर चलते हुए भोला बाबू एक आज्ञाकारी भाई के तरह उनकी और अपने परिवार की परंपरा को आगे बढ़ा रहे हैं। वह निश्चित रूप से स्वागत योग्य कदम है।। इसके लिए उन्होंने भोला बाबू का आभार भी व्यक्त किया।।


