*चरमराई व्यवस्था को दुरुस्त करें विद्युत विभाग, अन्यथा होगा चरणबद्ध आंदोलन*
जगदूत न्यूज खगड़िया बिहार ब्यूरो चीफ प्रभु जी खगड़िया: थोड़ा तेज गर्मी हो या हल्की सी बारिश हो तो विद्युत विभाग की पोल खुल जाती है। लोगों को बिजली की आवश्यकता गर्मी और बरसात में सबसे ज्यादा होता है लेकिन जैसे हीं थोड़ा गर्मी या फिर थोड़ी सी बारिश आती है तो सबसे पहले लोगों के घर की बिजली गुल हो जाता है। उक्त बातें समाजसेवी अभय कुमार गुड्डू ने हल्की सी बारिश में लगातार बिजली कटौती पर विद्युत विभाग के प्रति आक्रोश व्यक्त करते हुए कहा। उन्होंने कहा कि आज के समय में लोगों के लिए बिजली सबसे अधिक जरुरत हो गई है। इसी वजह से घंटों बिजली गुल रहने से लोगों के सामने ऐसा संकट आ जाता है जैसे ऑक्सीजन गायब हो गया है। जिले के विभिन्न ह्वाट्सएप ग्रुप में भी लोग अपनी आक्रोश व्यक्त करते रहते हैं। विद्युत विभाग के अधिकारी सहित जिले के उच्च अधिकारी सब देखकर भी मौन धारण कर लेते हैं। यह दुर्भाग्य नहीं तो और क्या है? उन्होंने कहा कि बिजली विभाग सिर्फ जबरदस्ती लोगों से चक्रवृद्धि ब्याज के साथ बिल वसूली कर रहा है। देश में सबसे महंगा बिजली बिल लोगों को मजबूरन भरना पड़ता है। परंतु सुविधा के नाम पर ढ़ाक के तीन पात साबित हो रहा है। आखिर कौन सी समस्या है कि थोड़ी सी बारिश होने पर दस-बारह घंटा बिजली गायब हो जाता है। बिजली विभाग के अधिकारी और कर्मचारी क्यों नहीं इस समस्या का निदान कर लोगों को उचित सुविधा मुहैया करवा पाता है। जब गर्मी और बरसात में बिजली गायब हीं रहेगा तो ठंड के मौसम में लोग बिजली की सुविधा लेकर क्या करेगा। श्री गुड्डू ने कहा कि लगातार बिजली कटौती से जिले के व्यवसायी के साथ साथ आमलोग काफी परेशान हैं। लोगों की दिनचर्या बिजली पर टिका हुआ है। लेकिन विद्युत विभाग के गलत रवैया के कारण बिजली की कटौती में सुधार नहीं हो पा रहा है। विद्युत विभाग के इस रवैया से जिलेवासियों को काफी मुश्किलें की सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि विद्युत विभाग जिलेवासियों के सब्र की इम्तिहान न लें। चरमराई बिजली व्यवस्था में अविलंब सुधार करें। अन्यथा जिलेवासी विद्युत विभाग के खिलाफ चरणबद्ध आंदोलन के लिए बाध्य होगी। जिसकी पूर्ण जिम्मेदार विद्युत विभाग के अधिकारी और जिला प्रशासन होंगे।


