38.7 C
Khagaria
Friday, April 17, 2026

अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस की पूर्व संध्या पर ‘नयी दिशा परिवार” ने आयोजित किया कर्मयोगी महिला सम्मान-सह-सांस्कृतिक समारोह का आयोजन

JNA/रितेश राज वर्मा पटना, सामाजिक सास्कृतिक संस्था नई दिशा परिवार के तत्वाधान में अंतर्राष्ट्रीय अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस की पूर्व संघ्या पर शनिवार को हिंदी साहित्य सम्मेलन में कर्मयोगी महिला सम्मान सह सांस्कृतिक समारोह का आयोजन किया गया।
इस अवसर पर संस्था की ओर से पटना की महापौर सीता साहू, उप महापौर रेशमी चंद्रवंशी, पटना सिटी न्यायालय में अपर मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी अनुपमा त्रिपाठी, डॉ. किरण शरण, रीता रस्तोगी, वार्ड पार्षद पिंकी यादव, वार्ड पार्षद अंजलि राय, वार्ड-पार्षद करुणा राय, कवयित्री डा.. मीना कुमारी परिहार ‘मान्या’, मीरा श्रीवास्तव, अवंतिका सिन्हा, बिंदु किशोरी, वंदना कुमारी, डा संध्या, डा. ज्योति प्रकाश, चंद्र पूर्णिमा, संयुक्ता कुमारी, आरती कुमारी, अर्चना कमल नीलम कुमारी, शैल सिंह, सुरभि वर्मा को ‘कर्मयोगी महिला सम्मान’ से अलंकृत किया गया।

समारोह की विशिष्ट अतिथि मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी अनुपमा त्रिपाठी ने कहा कि स्त्री और पुरुष मिलकर ही सुंदर समाज का निर्माण कर सकते हैं। महिला-सशक्ति करण का अर्थ पुरुष को कमजोर करना तथा उन्हें नीचा दिखाना नहीं है। एक-दूसरे के प्रति आदर की भावना विकसित कर ही हम रहने योग समाज बना सकते हैं। महिलाएँ ये न सोचें कि पुरुषों को धक्का देकर वो आगे बढ़ सकती हैं। सशक्ति-करण से समाज में दोनों का समान योगदान हो सकता है।’कर्मयोगी महिला सम्मान-समारोह’ की अध्यक्षता करते हुए, सम्मेलन के अध्यक्ष डा अनिल सुलभ ने कहा कि आदिकाल में ‘नारी-सत्तात्मक’ समाज था। स्त्रियों का सम्मान पुरुषों से अधिक था। स्त्रियाँ शिक्षा समेत ज्ञान-विज्ञान और सामाजिक व्यवस्था में अग्रणी थीं। मध्य-काल के काले काल-खण्ड में अशिक्षा के कारण समाज का पराभव हुआ और स्त्रियाँ सम्मान के स्थान पर भोग की वस्तु हो गयीं। नए समाज में महिलाएँ पुनः सशक्त हुई हैं, किंतु उन्हें वह स्थान अभी प्राप्त करना शेष है, जो पुरा-काल में था, जिस काल में स्त्रियाँ पुरुषों के साथ वेद की ऋचाओं का सृजन कर रही थीं। संस्था के संरक्षक राजेश वल्लभ, कमल नयन श्रीवास्तव, अधिवक्ता नवीन सिन्हा तथा पत्रकार प्रेम कुमार ने भी अपने विचार व्यक्त किए तथा महिला सशक्ति-करण के महत्त्व पर प्रकाश डाला।
संस्था के सचिव राजेश राज ने बताया कि इस अवसर पर संस्था की ओर से भव्य सांस्कृतिक कार्यक्रमों की भी प्रस्तुतियाँ हुईं, जिसमें कुमार पंकज सिन्हा और राजा बाबू के गायन तथा लक्ष्मी कुमारी, प्रियांशी और अदिति मौर्या के नृत्य को खूब सराहना मिली। श्रीमती ऋतुराज राजेश, सपना रानी, पनकी शर्मा, जूली कुमारी, अनामिका, मोहित कुमार, सूरज कुमार, कौशल राज, उज्ज्वल राज, युवराज और नैतिक ने आयोजन में सहायता दी।

Prabhu Jee
Prabhu Jeehttp://www.jagdoot.in
ब्यूरो चीफ, खगड़िया (जगदूत न्यूज)
सम्बंधित खबरें

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

रिपोर्टर की अन्य खबरें
नई खबरें